प्रस्थापन/prasthaapan

शब्द का अर्थ खोजें

शब्द का अर्थ

प्रस्थापन  : पुं० [सं० प्र√स्था+णिच्, पुक्√ल्युट्—अन] [भू० कृ० प्रस्थापित, वि० प्रस्थानी, प्रस्थाप्य] १. प्रस्थान करना। भेजना। २. प्रेरणा। ३. कोई बात या विषय प्रमाणों आदि से सिद्ध करते हुए किसी के सामने उपस्थित करना या रखना। स्थापना। ४. उपयोग या व्यवहार करना। ५. मशीनों, यंत्रों आदि को किसी स्थान पर लगाना। प्रतिष्ठित करना। ६. उक्त रूप में बैठाये या लगाये हुए यंत्रों की सामूहिक संज्ञा। संस्थापन। (इन्स्टालेशन, अंतिम दोनों अर्थों में)
समानार्थी शब्द-  उपलब्ध नहीं
प्रस्थापना  : स्त्री०=प्रस्थापन।
समानार्थी शब्द-  उपलब्ध नहीं
 
लौटें            मुख पृष्ठ